एक जिला-एक उत्पाद योजना अंतर्गत आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमन्त्री को दिया ज्ञापन

by | रंग बसंत, समाचार | 0 comments

पीतल एवं काँसा बर्तनों को मुख्यमन्त्री कन्यदान योजना और मिड डे मील में शामिल किया जाये

डॉ पवन ताम्रकार 

सतना : स्थानीय भरहुत होटल में आयोजित ” एक जिला-एक उत्पाद ” योजना अंतर्गत आयोजित कार्यक्रम में पहली बार सतना जिले के पीतल और काँसा उध्योग को शामिल किया गया है । 

इस अवसर पर जिला सतना के प्रमुख केंद्र उँचेहरा के पीतल और काँसा बर्तन उधौग से जुड़े स्वजातीय बंधुओं ने कंफेडरेशन ऑफ़ ऑल इण्डिया ट्रेडर्स के जिला उपाध्यक्ष प्रतिष्ठित उधौगपति डॉ श्री पवन ताम्रकार के नेतृत्व में मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह जी चौहान से मिलकर उन्हें बर्तन निर्माण उधौग से जुड़ी कुछ प्रमुख मांगों को लेकर ज्ञापन पत्र सौंपा । इस अवसर पर अपने संबोधन में माननीय मुख्यमंत्री ने बर्तन उधौग से जुड़े व्यवसाईयों को यथा संभव प्रयास किये जाने हेतु आश्वस्त किया । 

डॉ पवन ताम्रकार जी ने जानकारी देते हुए बताया कि बर्तन निर्माण उधौग से जुड़े लोगों ने शासन के समक्ष मुख्यमंत्री जी दिये गये ज्ञापन पत्र में प्रमुख रूप से 3 मांगे रखी हैं । 

1 : काँसा और पीतल से बने बर्तनों को मध्यप्रदेश शासन की योजनाओं में शामिल किया जाये । 

– जैसे कि मिड डे मील योजना अंतर्गत भोजन बनाने में उपयोग किये जाने वाले बर्तनों में कांसे और पीतल के बर्तनों को अनिवार्य रूप से शामिल किया जाये जिससे की बर्तन उधौग को फायदा तो होगा ही साथ ही बच्चों को विटामिन युक्त और गुणवत्ता पूर्ण भोजन मिल सके । इस तरह से रोग प्रतिरोधक क्षमता का विकास होगा एवं कुपोषण की महामारी से छुटकारा मिलेगा । 

2 :  मुख्यमंत्री कन्यादान योजना में कांसे और पीतल के 5-11 बर्तनों को शमिल जाये, जिससे की बर्तन निर्माण उधौग और व्यवसाय पुनर्जीवित हो सके । 

– इस तरह 5 से 10 साल बाद भी इन बर्तनों के विक्रय माध्यम से 75%-100% तक की धनराशि वापिस मिलने की गारन्टी होगी ।

3 : पीतल एवं काँसा बर्तनों पर लगने वाले 18% जीएसटी को कम कराये जाने के लिये भारत सरकार से मध्यप्रदेश शासन के द्वारा अनुशंसा की जाये । 

आपने कहा *” कांसे और पीतल के बर्तनों में पकाये गये भोजन में पोषक तत्व की मात्रा अन्य धातुओं की तुलना में सर्वाधिक होती है, साथ ही ये रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने और कुपोषण रूपी महामारी की रोकथाम में भी सहायक होते हैं “* 

ज्ञापन पत्र को देखने के बाद माननीय मुख्यमंत्री जी ने बर्तन निर्माण उधौग प्रतिनिधि मंडल को यथासंभव सहयोग का भरोसा दिलाया ।

प्रदीप वर्मा (हैहयवंशीय)